पाकिस्तान की बात का घुमा फिरा कर अप्रत्यक्ष समर्थन करने वालों की आखिर क्या है असलियत

%e0%a4%a6%e0%a4%b8पाकिस्तान जो कि पिछले 60 साल से अनगिनत झूठ रोज बोल रहा है उसी की बात का घुमा फिरा कर अप्रत्यक्ष रूप से समर्थन करने वाले लोगों की और उनके दल की असल विचार धारा कैसी है अब इसमें कोई संदेह नही रह गया है !

आज से दो साल पहले तक सर्जिकल स्ट्राइक तो बहुत दूर की बात है, सैनिकों को अपने ऊपर चल रही गोलियों का जवाब गोली से देने के लिए भी पहले दिल्ली की परमिशन चाहिए होती थी जिस वजह से भी भारत के बहुत से युवाओं में सेना में नौकरी करने का उत्साह ही ख़त्म हो गया था कि, सेना में भर्ती होना मतलब सिर्फ पाकिस्तान की गोली खाना !

आखिर दिल्ली की ए सी ऑफिस में बैठ कर ऊँघने वाले नेता कौन होते थे यह तय करने वाले कि जब बॉर्डर पर सामने से गोली चले तब भी हमारे सैनिक शान्तिदूत बनकर आपसी भाईचारा का ही परिचय दें ? इसी वर्षों से चली आ रही कायर मानसिकता का प्रतिकार करते हुए मोदी जी ने सत्ता में आते ही यह उद्घोषणा कर दी थी कि अगर वे तुम पर एक गोली चलायें तो तुम तुरंत ही उन पर दस गोलियां चलाओ और इसके लिए तुम्हे किसी की अनुमति की जरूरत नहीं है !

जैसा कि सभी लोग जानते हैं कि पूर्व की सरकारों में कितने बड़े बड़े घोटाले खुल्लम खुल्ला हुए और इन्ही सब भ्रष्टाचारों में से एक भ्रष्टाचार यह भी सुनने को मिल रहा है कि हमारे लाखों के सैन्य परिवार में भी कुछ चन्द भ्रष्ट लोगों की आई एस आई जैसे दुश्मन संगठनों से दोस्ती हो गयी थी जिसकी वजह से भी आतंकवादी आये दिन निर्दोष भारतीय सैनिकों और जनता पर हमले करने में कामयाब हो जा रहे थे !

मोदी जी सत्ता में आने के बाद से ही इन गद्दार लोगों की पहचान और सफाई अभियान में जुट गए जिसकी वजह से भी भारत में आतंकवादी हमलों में काफी कमी आई है !

जो ईमानदारी से काम करेगा वो जनता की नजर में हीरो तो बनेगा ही और किसी ईमानदार को हीरो बनते हुए देख विलेन लोगों को जलन तो होनी ही होनी है ! इसी ईर्ष्‍या के वशीभूत होकर, सिर्फ मोदी जी को नीचा दिखाने के लिए, महाझूठे पाकिस्तान की बात का अप्रत्यक्ष रूप से समर्थन करते हुए अपने ही देश की सेना को अंतराष्ट्रीय स्तर पर झूठा साबित करने वाले खुद ही यह बार बार साबित कर रहें हैं कि उनकी और उनके दल की वफादारी किसकी तरफ है !

sedeसर्जिकल स्ट्राइक का सबूत मांगने वालों का टेक्नीकल ज्ञान इतना ज्यादा कम होगा इसकी उम्मीद नहीं थी क्योंकि आज के इस सेटेलाइट के युग में इतनी बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक को कोई कैसे छुपा सकता है ? भारत के सैनिकों के इस वीरता भरे सर्जिकल स्ट्राइक को कई बड़े देश के शासकों ने देखा है इसलिए कोई भी देश पाकिस्तान के इस अरण्य रुदन पर ध्यान नहीं दे रहा है !

अब समस्या यह भी है कि अगर अभी भारत सरकार सर्जिकल स्ट्राइक का विडियो सार्वजानिक कर दे तो इस विडियो का आतंकवादी संगठन गलत फायदा उठाते हुए कई अन्य भटके हुए नौजवानों के गुस्से को भड़काने के लिए भी इस्तेमाल कर सकते हैं तथा यह भी निश्चित नहीं की आज सबूत मांगने वाले कल को मानवाधिकार या अंतर्राष्ट्रीय सीमा कानून उल्लंघन को लेकर चिल्लाना शुरू ना कर दें क्योंकि उन्हें तो बस किसी तरह मोदी जी की बढती लोकप्रियता को धूमिल करना है !

कौन किस कारण से पाकिस्तान का प्रत्यक्ष, अप्रत्यक्ष साइड ले रहा है ये वो ही जाने, लेकिन आज से कई महीने पहले ही सुब्रमणियम स्वामीजी ने एक आरोप लगाया था कि भारत के बहुत से धनपशुओं (जिसमे नेता, उद्योगपति, सिनेमा कलाकार, मीडिया, लेखक आदि कोई भी हो सकता है) का काला धन पाकिस्तान की आई एस आई संगठन द्वारा ही मैनेज होता है इसलिए भी भारत में पाकिस्तान के बहुत से हमदर्द मौजूद हैं !

facebooktwittergoogle_plusredditpinterestlinkedinmail
loading...


ये भी पढ़ें :-